धुरकी: धुरकी थाना क्षेत्र स्थित देव मांडर पूजा स्थल की भूमि को लेकर शुक्रवार को दो समुदायों के बीच तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई। जानकारी के अनुसार, एक पक्ष के लोगों ने विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना कर स्थल पर झंडा स्थापित किया था। इसी बीच दूसरे समुदाय के एक व्यक्ति ने उक्त भूमि को अपनी निजी संपत्ति बताते हुए झंडे को उखाड़कर क्षतिग्रस्त कर दिया।घटना के बाद स्थानीय शांति पसंद लोगों ने तत्काल इसकी सूचना धुरकी अंचल अधिकारी विमल कुमार सिंह और थाना प्रभारी को दी। सूचना मिलते ही प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। साथ ही संबंधित व्यक्ति से पूछताछ भी की गई। इधर घटना से आक्रोशित हिंदू समाज के लोगों ने धुरकी-बेलासपुर मुख्य मार्ग को जाम कर अनशन शुरू कर दिया और रामनवमी जुलूस निकालने से इंकार कर दिया।स्थिति की गंभीरता को देखते हुए एसडीएम प्रभाकर मृद्घा, एसडीपीओ सत्येंद्र नारायण सिंह, नगरउटारी थाना प्रभारी उपेंद्र कुमार एवं महिला थाना प्रभारी रुक्मणी कुमारी मौके पर पहुंचे। सभी अधिकारियों ने दोनों पक्षों को थाना परिसर में बुलाकर वार्ता की और आपसी सहमति से विवाद को शांत कराया।दोनों पक्षों के बीच लिखित समझौता कराया गया, जिसमें तय हुआ कि रामनवमी के बाद विवादित भूमि का समाधान किया जाएगा। समझौते के बाद माहौल शांत हुआ और हिंदू समाज के लोग सौहार्दपूर्ण ढंग से रामनवमी जुलूस निकालने के लिए तैयार हो गए। जुलूस के दौरान प्रशासनिक अधिकारी एवं पुलिस बल भी मौजूद रहे, जिससे क्षेत्र में शांति व्यवस्था कायम रही।

