डंडई(गढ़वा):प्रखंड कार्यालय परिसर में मंगलवार को भारतीय आदिम जनजाति विकास परिषद, भारतीय भुइयां विकास परिषद व भारतीय आदिवासी विकास परिषद के संयुक्त तत्वाधान में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन कार्यक्रम का आयोजन किया गया।इसके पूर्व डंडई के यदुवंशी पेट्रोल पंप से रैली निकाली गई। रैली में शामिल प्रदर्शनकारियों ने डाकिया योजना का चावल घोटाला करना बंद करो, आदिम जनजाति का हक व अधिकार छीनना बंद करो,दोषियों पर अविलंब कार्रवाई करो सहित अन्य नारे लगाया जा रहा था। तत्पश्चात रैली प्रखंड कार्यालय परिसर पहुंच सभा में तब्दील हो गई।
*पदाधिकारियों और बिचौलियों की मिलीभगत से राशन की कालाबाजारी होने का आरोप:*
धरना प्रदर्शन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भारतीय आदिम जनजाति परिषद के केंद्रीय सचिव उमेश परहिया ने कहा कि डंडई प्रखंड में आदिम जनजाति कोरवा परहिया के साथ अन्याय हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि डाकिया योजना के तहत आदिम जनजाति कोरवा व परहिया का मिलने वाला तीन माह का राशन घोटाला किया गया है। कोरवा व परहिया जनजाति के लोग राशन का आस लगाए बैठे हैं। पदाधिकारी व बिचौलियों मिलीभगत कर डाकिया योजना से मिलने वाला राशन का कालाबाजारी किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि आदिम जनजाति परिवारों का राशन कालाबाजारी करने वाले दोषियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई होना चाहिए। वही केंद्रीय प्रवक्ता विजय कोरवा ने कहा कि प्रशासन इस मामले को निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करे नहीं तो बाध्य को हम लोग उपायुक्त कार्यालय का घेराव करेंगे।
*डाकिया योजना के तीन माह के चावल घोटाले की जांच व दोषियों पर कार्रवाई की मांग:*
इस दौरान परिषद के द्वारा राज्यपाल, मुख्यमंत्री, उपायुक्त गढ़वा के नाम प्रखंड विकास पदाधिकारी को चौदह सूत्री मांग पत्र सौंपा गया।जिसमें डाकिया योजना के तीन माह के चावल घोटाले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई करने व राशन वितरण कराने की मांग किया।इसके साथ सीएनटी एक्ट व एसपीटी एक्ट को कड़ाई से लागू किया जाए। वन अधिकार अधिनियम 2006 व 2008 के तहत वन पर आश्रित परिवारों को वन पट्टा देने तथा पूर्वजों की जमीन को गलत तरीके से दूसरे नाम पर ऑनलाइन किए जाने की प्रक्रिया को रद्द करने की मांग भी की गई है। परिषद ने भुइयां समाज के बच्चों के लिए आवासीय विद्यालय निर्माण, विधवा,विकलांग व वृद्धा पेंशन को एक हजार से बढ़ाकर पांच हजार रुपए प्रति माह करने, लाल पर्चा के तहत बंदोबस्त जमीन की ऑनलाइन रसीद निर्गत करने तथा गांव-गांव में श्मशान घाट निर्माण कराने की मांग भी उठाई गई।
आदिम जनजाति महिलाओं की पेंशन 1000 से बढ़ाकर 5000 रुपये करने की मांग:
इसके साथ ही मनरेगा मजदूरी को दो सौ बेरासी से बढ़ाकर आठ सौ रुपए प्रतिदिन करने,आदिम जनजाति की महिलाओं की पेंशन को एक हजार से बढ़ाकर पांच हजार करने,राशन कार्ड पर मिलने वाले 5 किलो राशन को बढ़ाकर पच्चीस किलो प्रति माह करने तथा भुइयां समाज के उत्थान के लिए महादलित बोर्ड गठन की मांग शामिल है। कार्यक्रम को जिला अध्यक्ष सुरेश कोरवा तथा भारतीय भुइयां विकास परिषद के केंद्रीय अध्यक्ष नरेश कुमार भुइयां,पूर्व बीडीसी नगीना परहिया सहित अन्य लोगों ने संबोधित किया।इस मौके पर सुनील कुमार कोरवा,रमेश कुमार कोरबा,परीखा परहिया, रंजीत परहिया, चरकू कोरवा, प्रताप परहिया,सुरेश परहिया,सीता देवी,सरिता देवी, निर्मला देवी, रूबी देवी, रीना देवी, आशा देवी,गीता देवी,सबिता देवी रेनू देवी,संगीता देवी सहित सैकड़ों आदिम जनजाति परिवार के लोग शामिल थे।

